दीपावली में शुद्ध पनीर और छेना की मिठाइयों का हुआ टोटा, हर जगह मिलावट ने दिए खतरे संकेत

दीपावली में शुद्ध पनीर और छेना की मिठाइयों का हुआ टोटा, हर जगह मिलावट ने दिए खतरे संकेत

हिंदुस्तान लाइव न्यूज:-

पटना:- त्यौहार के सीजन में मिठाइयों की जबरदस्त डिमांड होती है. हर दुकानदार मिठाईयों के जरिए मुनाफा कमाने में भी लग जाता है. लेकिन इस मुनाफे में मिलावट का खेल भी शुरु हो जाता है. इसी मिलावट के खेल को रोकने के लिए फूड सेफ्टी डिपार्टमेंट एक्टिव हो गया है. पटना में जगह जगह छापेमारी भी चल रही है. इसी छापेमारी में कई चौकाने वाले खुलासे हुए हैं. 

मिलावटी मिठाईयों के खिलाफ अभियान

त्यौहार की मिठाई आपके लिए परेशानी का सबब बन सकती है.दिखने में अच्छी लगी लगने वाले मिठाई आपकी सेहत पर भारी पड़ सकती है. ये हम नहीं कह रहे है. ये कहना है फूड सेफ्टी डिपार्टमेंट (food safety department) का. उनकी जांच में इस बात की जानकारी सामने आई है. 

मिलावट की पाई गई शिकायत

पटना में त्यौहार सीजन को लेकर फूड सेफ्टी डिपार्टमेंट की तरफ से रेड चल रही है. इस वजह से जगह जगह दुकानों में जाकर मिठाई के सैंपल लिए जा रहे हैं. पटना सिटी के कई मिठाई के दुकान में जांच अभियान में मिलावट की बात सामने आई है. इस रेड में जब अधिकारियों ने छेना के टुकडे को आयोडिन सॉल्यूशन में डाला गया, तो छेना का रंग बदल गया.जिसके बाद ये बाद सामने आई कि मिठाई बनाने में मैदा या आरारोट का इस्तेमाल किया गया है. 

सिल्वर की परत की जगह एल्युमिनियम की परत का इस्तेमाल

फूड सेफ्टी इंस्पेक्टर अजय कुमार ने बताया कि मिठाईयों में सिल्वर की जो परत इस्तेमाल होती है, उसको लेकर शिकायत आ रही है. कई जगहों पर परत के रुप में सिल्वर की जगह एल्यूमूनियम का इस्तेमाल किया जा रहा है. इसके अलावा कलर का भी इस्तेमाल गलत तरीके से किया जा रहा है. छेने में आरारोट और मैदा मिलाने की भी शिकायत आ रही है.

मोबाइल टेस्टिंग लैब के जरिए हो रहा टेस्ट

फूड सेफ्टी डिपार्टमेंट की तरफ से खाद्य पदार्थों की जांच के लिए पटना की सड़कों पर मोबाइल टेस्टिंग लैब को उतार दिया गया है. टेस्टिंग लैब में नमूनों की जांच के लिए सारे संसाधन उपलब्ध हैं. मोबाइल वैन में दो सीनियर रिसर्चर को भी जगह दी गयी है. नमूना की जांच करने वाले विशेषज्ञ बताते हैं कि पूरे बिहार में इस तरह के पांच वैन हैं, जो जरुरत के मुताबिक जिलों में जाकर खाद्य पदार्थों के नमूनो की जांच करते हैं.

मिठाईयों पर भी एक्सपायरी लिखना हुआ अनिवार्य

आमतौर पर खाद्य पदार्थों के सामानों की एक्सपायरी डेट सिर्फ पैक सामानों पर ही लिखी होती है. लेकिन खुले सामानों पर भी उसकी एक्सपायरी डेट को लिखना अब जरूरी हो गया है. फूड इंस्पेक्टर अजय कुमार बताते हैं कि एक अक्टूबर से ये नियम लागू हो चुका है. मिठाई की ट्रे में मिठाई के एक्सपायरी डेट को लिखना अब जरूरी हो चुका है, वैसे पटना में अभी तक इस तरह का प्रचलन देखने में नहीं मिला है. 

पनीर में भी बड़े पैमाने पर मिलावट की आ रही शिकायत 

पटना में सिर्फ मिठाई में नहीं बल्कि पनीर में भी मिलावट की बात सामने आई है. जिस वजह से लोग काफी ज्यादा परेशान हैं. 

समौसे को तलने वाला तेल भी हो सकता है घातक

इतना ही नहीं कुछ दुकानों पर समौसे तलने के लिए रखे गए तेल में भी गड़बड़ी पाई गई है. दरअसल समौसा तलने के लिए इस्तेमाल में लाया जाने वाला तेल भी सेहत को नुकसान पहुंचाता है. आमतौर पर तेल का इस्तेमाल सेहत के लिए दो से तीन बार ही बेहतर होता है, लेकिन दुकानदार मुनाफे के लिए तेल का जलने तक उसका इस्तेमाल करते हैं. जिससे पेट गले में जलन जैसी समस्या आ जाती है.